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 5 yoga poses to manage high blood pressure

Women's Day 2026: महिलाएं हाई बीपी को कंट्रोल करने के लिए घर पर ही करें ये 5 योगासन, बिना एक पैसा खर्च किए पाएं राहत

हाई ब्लड प्रेशर की समस्या को योग से कैसे कंट्रोल किया जा सकता है? आइए योग गुरु हिमालयन सिद्धा अक्षर से हाइपरटेंशन के कारण और ऐसे असरदार योगासन जानिए, जो बीपी को बैलेंस रखने में मदद करते हैं।
Editorial
Updated:- 2026-03-06, 20:30 IST

आज की तेज रफ्तार जिंदगी में हाई ब्‍लड प्रेशर एक आम लेकिन गंभीर समस्‍या बन चुकी है। यह ऐसी कंडीशन है जिसमें धमनियों में बहने वाले ब्‍लड का प्रेशर सामान्य से ज्‍यादा हो जाता है।

ब्लड प्रेशर वह शक्ति है जिसके साथ दिल पूरे शरीर में ब्‍लड को पंप करता है। यह प्रेशर शरीर के लिए जरूरी है क्योंकि इसके माध्यम से ब्रेन, किडनी, लिवर और अन्य जरूरी अंगों तक ऑक्सीजन और पोषक तत्व पहुंचते हैं। लेकिन जब यह प्रेशर लगातार ज्‍यादा बना रहता है, तो इसे हाई ब्लड प्रेशर या हाइपरटेंशन कहा जाता है। समय के साथ यह कंडीशन दिल और ब्‍लड वेसल्‍स पर एक्‍स्‍ट्रा प्रेशर डालती है, जिससे दिल की बीमारियों, स्ट्रोक और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है।

अगर आपको भी हाई बीपी है तो परेशान होने की जरूरत नहीं है क्‍योंकि आप कुछ योगासन की मदद से इसे कंट्रोल कर सकती हैं। आइए इन योगासन के बारे में हिमालयन सिद्धा अक्षर (योग गुरु, लेखक और फाउंडर – अक्षर योग केंद्र) बता रहे हैं। योगासन के बारे में जानने से पहले यह जान लेते हैं‍ कि हाई ब्‍लड प्रेशर की समस्‍या कैसे होती है?

हाई ब्लड प्रेशर कैसे होता है?

हाई ब्लड प्रेशर अचानक नहीं होता, बल्कि धीरे-धीरे विकसित होने वाली समस्या है। आधुनिक जीवनशैली में कई ऐसे कारण हैं जो इस समस्या को बढ़ा देते हैं, जैसे लगातार मानसिक तनाव, अनियमित नींद, असंतुलित खान-पान, फिजिकल एक्टिविटी की कमी, बहुत ज्‍यादा मेंटल प्रेशर आदि।

yoga poses-for-high-bp-hindi

जब हमारा मन लगातार तनाव या चिंता की स्थिति में रहता है, तब शरीर में स्ट्रेस हार्मोन ज्‍यादा मात्रा में बनने लगते हैं। ये हार्मोन ब्‍लड वेसल्‍स को संकुचित कर देते हैं और दिल की धड़कन तेज कर देते हैं। जब यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहती है, तब धमनियों के अंदर प्रेशर बढ़ने लगता है। धीरे-धीरे यह स्थिति क्रोनिक हाई ब्लड प्रेशर में बदल सकती है।

इसके अलावा, बैठकर काम करने वाली लाइफस्‍टाइल भी ब्‍लड सर्कुलशन को प्रभावित करती है। उथली सांस लेने की आदत शरीर में ऑक्सीजन की मात्रा को कम कर देती है, जिससे दिल को ज्‍यादा मेहनत करनी पड़ती है। मानव शरीर निरंतर दबाव में काम करने के लिए नहीं बना है। इसे संतुलन, लय और शांति की आवश्यकता होती है।

हाई ब्लड प्रेशर को नेचुरली कैसे कंट्रोल करें?

योग शरीर और मन दोनों पर एक साथ काम करता है। यह नर्वस सिस्टम को शांत करता है, ब्‍लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाता है और फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है। नियमित योग अभ्यास से धीरे-धीरे शरीर संतुलन की अवस्था में आने लगता है। ये योगासन हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मददगार माने जाते हैं।

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हीलिंग वॉक 

हीलिंग वॉक एक स्‍पेशल तरह की वॉक है, जो शरीर और मन के बीच बेहतर समन्वय बनाती है। इसे करने से गर्दन और कंधों की जकड़न को कम होती है, फेफड़ों की क्षमता बढ़ती है और ब्‍लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। इससे शरीर में ऊर्जा, सकारात्मक सोच और इमोशनल बैलेंस भी सही होता है।

इसे करने के लिए सीधी चाल में चलते हुए अपने दोनों हाथों को कंधों के लेवल तक उठाएं। शुरुआत में इसे लगभग 30 सेकंड तक करें और 5 बार दोहराएं। धीरे-धीरे अभ्यास का समय बढ़ाया जा सकता है।

दंडासन

दंडासन शरीर को संतुलन सिखाने वाला योगासन है। इसमें जमीन पर बैठकर पैरों को सीधा फैलाया जाता है और रीढ़ को सीधा रखा जाता है। जब रीढ़ सीधी रहती है, तब सांस लेना ज्‍यादा असरदार हो जाता है। इससे शरीर में ऑक्सीजन का फ्लो बढ़ता है और ब्‍लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। यह आसन पेट के अंगों को भी मजबूत बनाता है और शरीर के आंतरिक प्रेशर को बैलेंस करता है।

Dandasana to control high blood pressure

वज्रासन 

वज्रासन एक शांत मुद्रा है जिसमें व्यक्ति अपने घुटनों के बल बैठकर एड़ियों पर बैठता है। यह आसन पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है और शरीर की नसों को शांत करता है। जब इस मुद्रा में धीरे-धीरे और लयबद्ध सांस ली जाती है, तब दिल की धड़कन सामान्य होने लगती है और रक्त वाहिकाएं रिलैक्स होती हैं। इस योगासन को रेगुलर करने से दिल की सेहत अच्‍छी रहती है।

सावित्रासन

सावित्रासन चेस्‍ट को फैलाने और सांस की क्षमता बढ़ाने वाला योगासन है। इसमें शरीर की मुद्रा ऐसी होती है कि चेस्‍ट खुलती है और श्वास गहरी होती है। जब सांस धीमी और गहरी हो जाती है, तब पैरासिम्पेथेटिक नर्वस सिस्टम एक्टिव होता है। यह शरीर को शांत अवस्था में ले जाता है और तनाव के कारण बढ़ने वाले ब्लड प्रेशर को कम कर सकता है।

Vrikshasana to control high bp

वृक्षासन

वृक्षासन संतुलन और एकाग्रता को बढ़ाने वाला योगासन है। इसमें एक पैर पर खड़े होकर शरीर को स्थिर रखा जाता है और गहरी सांस ली जाती है। यह आसन मानसिक बेचैनी को कम करता है। जब मन शांत होता है, तब नर्वस सिस्टम भी बैलेंस रहता है। नर्वस सिस्टम का बैलेंस सीधे तौर पर ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करता है।

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योग के साथ अपनाएं ये जीवनशैली

हाइपरटेंशन कोई घबराने वाली कंडीशन नहीं है, लेकिन इसके लिए जागरूकता और अनुशासन जरूरी है। रेगुलर योगासान के साथ-साथ कुछ आदतें अपनाने से भी ब्लड प्रेशर को कंट्रोल किया जा सकता है।

  • हेल्‍दी डाइट
  • रेगुलर एक्‍सरसाइज
  • पर्याप्त नींद
  • तनाव प्रबंधन
  • डीप ब्रीदिंग

जब व्यक्ति अपने शरीर और मन को संतुलन में रखना सीखता है, तब स्वास्थ्य धीरे-धीरे बेहतर होने लगता है। योग हमें याद दिलाता है कि स्वास्थ्य को जबरदस्ती नहीं बनाया जा सकता, बल्कि धैर्य, संतुलन और जागरूक जीवनशैली से धीरे-धीरे विकसित किया जाता है। जब सांस शांत होती है, तब दिल भी शांत हो जाता है और जब मन स्थिर होता है, तब शरीर का प्रेशर भी संतुलित होने लगता है।

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