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WhatsApp पर अब पेरेंट्स की होगी पैनी नजर, बच्चों की सुरक्षा के लिए आ रहा है खास फीचर, जानें कैसे करेगा काम?

Whatsapp एक नया फीचर बना रहा है, जिसका नाम है सेकेंडरी अकाउंट्स। इसके तहत माता-पिता अपने बच्चों के अकाउंट्स पर नजर रख सकते हैं। जानते हैं इसके बारे में... 
Editorial
Updated:- 2026-01-13, 17:25 IST

व्हाट्सएप पर आए दिन कुछ ना कुछ अपडेट्स आते रहते हैं, जो हमारे लिए बेहद ही उपयोगी होते हैं। उन्हीं में से एक नया अपडेट सामने आया है जो नाबालिक यूजर्स की सुरक्षा के लिए है। बता दें कि इस फीचर का नाम है सेकेंडरी अकाउंट्स। हालांकि, ये फीचर अभी विकसित हो रहा है। इसके तहत माता-पिता अपने बच्चों के अकाउंट्स को अपने प्राइमरी अकाउंट से जोड़ सकते हैं और उनकी प्राइवेसी सेटिंग्स को भी नियंत्रित कर सकते हैं। इसके तहत ना केवल प्रोफाइल फोटो बदल सकते हैं बल्कि लास्ट सीन, अबाउट, ग्रुप में जोड़ना आदि सेटिंग्स को भी मैनेज किया जा सकता है। ऐसे में यह जानना तो बनता है कि व्हाट्सएप में आ रहा ये कमाल का फीचर कैसे माता-पिता के काम आ सकता है और कैसे इससे बच्चे पर नजर रखी जा सकती है। आज का हमारा लेख इसी विषय पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि व्हाट्सएप में आ रहा ये कमाल का फीचर कैसे आपके काम आ सकता है। पढ़ते हैं आगे...

कैसे काम करता है ये नया फीचर?

  • बता दें कि WhatsApp फीचर ट्रैकर WABetaInfo की रिपोर्ट बताती है कि कंपनी 18 साल से कम उम्र के यूजर्स के लिए सेकेंडरी अकाउंट नाम का एक नया फीचर तैयार करने जा रही है।  

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हालांकि, फीचर अभी डेवलप ही हो रहा है। ये एंड्रॉयड बीटा वर्जन में अलग-अलग रीजन में दिखाई देगा। आसान शब्दों में कहा जाए तो यह फीचर बच्चों की सुरक्षा के लिए डिजाइन किया जा रहा है। इस खास अकाउंट को माता-पिता प्राइमरी अकाउंट से कनेक्ट करेंगे जो माता-पिता या सहे-संबंधी का हो सकता है। दोनों अकाउंट को एक साथ लिंक किया जा सकता है।

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  • रिपोर्ट के मुताबित, माता-पिता अकाउंट से बच्चे के अकाउंट की कई प्राइवेसी सेटिंग्स को मैनेज कर सकेंगे। साथ ही Primary Account से ये सेट कर सकेंगे कि कौन बच्चे की प्रोफाइल फोटो, लास्ट सीन और About देख सकेगा। साथ ही Read Receipts यानी ब्लू टिक ऑन या ऑफ करने की सुविधा भी माता-पिता को आसानी से मिलेगी।

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  •  इसके अलावा कौन बच्चे को ग्रुप में ऐड कर सकेगा ये निर्णय भी पेरेंट्स ले सकेंगे। हालांकि, पेरेंट्स को बच्चे की एक्टिविटी से जुड़े कुछ अपडेट मिलते रहेंगे, लेकिन कुछ ऐसा भी है जो माता-पिता कंट्रोल नहीं कर सकते हैं। उनमें चैट लिस्ट, कॉल लॉग, मैसेज या कॉल की चैट्स भी आते हैं।

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Images: Freepik/pinterest

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