
सीबीएसई बोर्ड जल्द ही परीक्षा आयोजित करने वाला है। ऐसे में जैसे-जैसे तिथि नजदीक आ रही है छात्रों के बीच में स्ट्रेस बढ़ता ही जा रहा है। बेहतर अंक लाने का दबाव बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल रहे हैं। ऐसे में बता दें कि अक्सर देखा जाता है कि इस दौड़ में छात्र अपनी मानसिक शांति खो देते हैं और केवल रटने पर ही ध्यान देते हैं जबकि यह मात्र रास्ता नहीं होता। ऐसे में एक्सपर्ट का मानना है कि परीक्षा की तैयारी एक तपस्या नहीं बल्कि एक प्रक्रिया है, जिससे इसे इंजॉय भी किया जा सके। यदि आपका बच्चा भी एग्जाम में बैठने वाला है तो यह लेख आपके लिए है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि सीबीएसई बोर्ड एग्जाम के कारण होने वाले स्ट्रेस को दूर करने में कौन से तरीके आपके बेहद काम आ सकते हैं। इसके लिए हमने कोच और हीलर, लाइफ अल्केमिस्ट, साइकोथेरेपिस्ट डॉ. चांदनी तुगनैत (Dr. Chandni Tugnait) से भी बात की है। पढ़ते हैं आगे...
कुछ छात्रों की आदत होती है कि वह फॉर्मूले और परिभाषाओं को शब्द दर शब्द रटते हैं जबकि इसके कारण दिमाग पर ज्यादा बोझ डलता है और वे जल्दी भूल जाते हैं। ऐसे में रटने के बजाय पीछे के क्यों और कैसे को समझें। जब आप इस चीज को समझेंगे तो न केवल आपको मजा आएगा बल्कि आप जल्दी भी सीख पाएंगे।
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सिलेबस का पहाड़ देखकर अक्सर बच्चे घबरा जाते हैं। ऐसे में आप सबसे पहले इन्हें छोटे-छोटे टुकड़ों में बाटें और जब एक टुकड़ा खत्म हो जाए तो 15 मिनट का ब्रेक लेकर दूसरे टुकड़े की शुरुआत करें। ऐसा करने से दिमाग को रिफ्रेश होने का भी मौका मिलेगा।
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ब्रेक जरूर लें। लगातार 4 से 5 घंटे बाद यदि काम किया जाए तो इसके कारण प्रोडक्टिविटी कम हो सकती है। ऐसे में बीच-बीच में ब्रेक जरूर लें। साथ ही परीक्षा के दौरान 7 से 8 घंटे की नींद लेना भी बेहद जरूरी है। इस समय यदि जंक फूड खा जाए तो इसके कारण याददाश्त पर गहरा असर पड़ सकता है। ऐसे में जंक फूड की बजाय फल और सूखे मेवे का सेवन करें। साथ ही 15 मिनट का व्यायाम जरूर करें।

योग को अपनी लाइफस्टाइल में जोड़ें, जिससे हैप्पी हारमोंस डेवलप हो। ऐसे समय में पेरेंट्स की जिम्मेदारी होती है कि बच्चों पर दबाव न बढ़ाकर उनके बोझ को कम करें। अपने बच्चों की तुलना भूलकर भी किसी और के साथ ना करें। छोटे-छोटे सुधारों की सराहना करें। घर का माहौल अच्छा रखें ताकि बच्चे अपनी परेशानी को आपके साथ शेयर करने में डरे नहीं।
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