
बारिश का मौसम अपने आप में फ्लू जैसी कई बीमारियों को न्योता देता है, क्योंकि इस मौसम में संक्रमण एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में बहुत तेजी से फैलता है। खासतौर पर बच्चों को बारिश के मौसम में बहुत सी बीमारियों का खतरा होता है। इसलिए बच्चों को मॉनसून के दौरान सभी बाहरी संक्रमणों से सुरक्षित और स्वस्थ रखने के लिए अतिरिक्त देखभाल की आवश्यकता होती है। मॉनसून में बच्चों के आहार पर ध्यान देना महत्वपूर्ण है और यह सुनिश्चित करना भी जरूरी है कि किसी भी संक्रमण से लड़ने के लिए उनके पास एक मजबूत प्रतिरक्षातंत्र है अथवा नहीं। पैरेंट्स को चाहिए कि वो बच्चों की डाइट में ऐसे पोषक तत्त्व शामिल करें जो उनकी प्रतिरक्षा को मजबूत करने में मदद करें। आइए जानें क्या हैं वो खाने की चीज़ें जो बच्चों के आहार में जरूर शामिल करनी चाहिए।

बादाम में विटामिन ई की मात्रा अधिक होती है, जो पल्मोनरी इम्यून फंक्शन को सपोर्ट करने के लिए एंटीऑक्सीडेंट का काम करता है। विटामिन ई को वायरस और बैक्टीरिया के कारण होने वाले संक्रमण से सुरक्षा प्रदान करने के लिए भी इसे जाना जाता है। इसके अलावा बादाम में ज़िंक भी भरपूर मात्रा में होता है,जो प्रतिरक्षा प्रणाली के सामान्य कामकाज में योगदान देता है। बादाम आयरन का एक अच्छा स्रोत हैं। आयरन प्रतिरक्षा कोशिकाओं के प्रसार और परिपक्वता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और ये किसी भी संक्रमण के लिए एक विशिष्ट प्रतिक्रिया उत्पन्न करता है। इसलिए बादाम का सेवन बच्चों की इम्यूनिटी को स्ट्रॉन्ग बनाने में कारगर है।
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हल्दी को सबसे शक्तिशाली भारतीय मसालों में से एक माना जाता है। हल्दी में कैल्शियम, फाइबर, आयरन ,ज़िंक जैसे पोषक तत्व होते हैं। हल्दी प्रतिरक्षा को बढ़ाने में मदद करती है। इसके अलावा, हल्दी में एंटी-वायरल, एंटी-फंगल और एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं जो शरीर के प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूत करती है। अपने बच्चों को रोज हल्दी की एक खुराक अवश्य दें। आप हल्दी बच्चों के दूध में मिलाकर दे सकती हैं या फिर हल्दी का पानी भी दे सकती हैं।
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काढ़ा बच्चों को मौसमी फ्लू से बचाने में मदद करता है। यह एक प्राकृतिक प्रतिरक्षा बूस्टर है जिसे भारतीय मसालों और जड़ी बूटियों के साथ बनाया जाता है। इसमें अदरक, पुदीना,तुलसी के पत्ते, दालचीनी पाउडर और शहद शामिल हैं। यह बुखार, सर्दी और गले में खराश को ठीक करने के लिए सबसे अच्छा घरेलू उपाय या औषधि के रूप में काम करता है। यह एक एंटीऑक्सिडेंट के रूप में भी कार्य करता है। यह आपके शरीर को डिटॉक्स करता है और पाचन क्रिया को सुचारु रूप से चलाने में सहायक है। इसके नियमित सेवन से निश्चित रूप से बच्चों की प्रतिरक्षा को मजबूत रखने में मदद मिलती है।

अखरोट बच्चों को एनर्जी देता है साथ ही प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूत बनाता है। बच्चों के विकास के लिए बच्चों की डाइट में अखरोट जरूर शामिल करें। अखरोट में कैलोरी की मात्रा ज्यादा होती है। अखरोट मिनरल से भरपूर होता है और कई पोषक तत्वों जैसे मैग्नीशियम, पोटैशियम, फॉलेट, कैल्शियम, जिंक आदि से भरपूर होता है । मिनरल बच्चों के विकास के लिए जरूरी होते हैं साथ ही इम्यूनिटी को स्ट्रॉन्ग बनाते हैं ।अखरोट में मौजूद पोटैशियम और सोडियम बच्चों में इलेक्ट्रोलाइट को संतुलित करता है और फॉस्फोरस बच्चे के शरीर में पाचन को ठीक रखता है।
बच्चों की डाइट में इन सभी खाद्य पदार्थों को शामिल करके उनका प्रतिरक्षा तंत्र मजबूत बनाया जा सकता है। इससे मॉनसून में होने वाली बीमारियों से बच्चा सुरक्षित रहेगा।
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Image Credit:free pik
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